
मध्य प्रदेश पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड (MPPKVVCL) की ऑफिस असिस्टेंट ग्रेड-III भर्ती में चयनित सैकड़ों अभ्यर्थियों का धैर्य अब जवाब देने लगा है। चयनित 545 अभ्यर्थियों ने सोमवार, 10 नवंबर को इंदौर स्थित कंपनी कार्यालय के बाहर शांतिपूर्ण धरना देकर अपनी नाराज़गी जताई।
5 महीने से अधिक समय से इंतज़ार
कंपनी ने 09 दिसम्बर 2024 को 2583 पदों के लिए विज्ञापन जारी किया था। मार्च 2025 में परीक्षा आयोजित हुई, 30 मई 2025 को परिणाम आए, और 23–25 जून 2025 तक दस्तावेज़ सत्यापन भी पूरा कर लिया गया।
लेकिन इसके बाद भी नियुक्ति पत्र जारी नहीं किए गए।
अभ्यर्थियों का आरोप है कि –
- 545 चुने गए ऑफिस असिस्टेंट (OA-III)
- स्टेनोग्राफर
- भण्डार सहायक
जैसे 600 से अधिक पदों की नियुक्तियाँ बिना कारण रोक दी गई हैं, जबकि इसी भर्ती से संबंधित 1050 अभ्यर्थियों को मुख्यमंत्री द्वारा 26 अगस्त 2025 को नियुक्ति पत्र दे दिए गए।
कोर्ट केस लंबित कहा, जबकि कोर्ट ने कोई स्टे नहीं दिया
अभ्यर्थियों के अनुसार वे कई बार, 6 अक्टूबर सहित, कंपनी और आयोग कार्यालय पहुंचे, लेकिन हर बार उन्हें कोर्ट केस लंबित का बहाना देकर लौटा दिया गया।
अभ्यर्थियों का दावा है:
- कोर्ट ने भर्ती प्रक्रिया पर कोई स्टे नहीं लगाया है।
- इसके बावजूद OA-III के 545 अभ्यर्थी 5 महीने से नियुक्ति के इंतजार में भटक रहे हैं।
- आर्थिक, मानसिक और पारिवारिक तनाव लगातार बढ़ रहा है।
अभ्यर्थियों की प्रमुख माँगें
धरना स्थल पर अभ्यर्थियों ने अपनी तीन प्रमुख माँगें स्पष्ट रूप से रखीं:
- लंबित पदों पर तुरंत नियुक्ति – OA-III, स्टेनोग्राफर और भण्डार सहायक पदों की नियुक्तियाँ शीघ्र जारी की जाएँ।
- हाईकोर्ट के 2023 के आदेश का पालन – अभ्यर्थियों ने याद दिलाया कि मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने 2023 में कहा था कि भर्ती परीक्षा में अंतिम निर्णय केवल फाइनल आंसर की के आधार पर ही होगा।
- केस की तत्काल सुनवाई – आयोग को कोर्ट में Urgent Hearing लगवाकर स्पष्ट रिपोर्ट प्रस्तुत करनी चाहिए।


