जिला अदालत के 48 वर्षीय विशेष न्यायाधीश मोहित दीवान की सोमवार सुबह सतरपुरा क्लब में बैडमिंटन खेलते समय अचानक दिल का दौरा पड़ने से मृत्यु हो गई। मूल रूप से न्यायाधीश मोहित छत्तीसगढ़ के रायपुर से थे, और क्लब के नियमित खिलाड़ी थे। खेल के दौरान अचानक सीने में दर्द के बाद वे जमीन पर गिर पड़े और मौके पर ही उनका निधन हो गया।

चौंकाने वाली बात यह है कि दीवान के पूर्ववर्ती न्यायाधीश की भी इसी प्रकार दिल का दौरा पड़ने से मृत्यु हुई थी। लगातार दो न्यायाधीशों की ऐसी आकस्मिक मृत्यु ने वकील समुदाय को गहरे सदमे में डाल दिया है। इस दुखद घटना पर जिला अधिवक्ता संघ ने गहरा शोक व्यक्त किया।
विशेषज्ञों का कहना है कि सर्दियों के मौसम में शरीर में कई बदलाव होते हैं, जिससे दिल का दौरा पड़ने का खतरा बढ़ जाता है। ठंड के कारण रक्तवाहिनियां संकुचित हो जाती हैं, जिससे रक्त का प्रवाह बाधित होता है और रक्तचाप बढ़ जाता है। ऐसे में हृदय पर अधिक दबाव पड़ता है। जिन लोगों को पहले से हृदय संबंधी बीमारियाँ हैं, उन्हें सर्दियों में व्यायाम और बाहरी गतिविधियों के दौरान सावधानी बरतनी चाहिए।
हृदय रोगियों को नियमित रूप से हल्का व्यायाम करना चाहिए। सर्दियों में लोग अधिक भोजन करते हैं और आरामदायक खानपान की आदत डाल लेते हैं, जिससे वजन बढ़ने का खतरा रहता है। इससे हृदय पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है।
डॉ. रघुवंशी के अनुसार, यदि लंबे समय तक व्यायाम नहीं कर पाते तो हल्का व्यायाम रोज़ करना चाहिए। इससे शरीर सक्रिय रहेगा और सभी अंग सही ढंग से कार्य करते रहेंगे।
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