एक माँ के लिए इससे बड़ा दुःख और क्या हो सकता है कि उसका जवान बेटा उसकी आंखों के सामने ही अचानक इस दुनिया को अलविदा कह दे। ऐसा ही हृदयविदारक हादसा हुआ तेलिकाचर्ला मधुकुमार शर्मा के परिवार में, जब उनके बेटे राकेश शर्मा (33) की अरुणाचलम मंदिर में दिल का दौरा पड़ने से मृत्यु हो गई।

देवदर्शन के लिए माँ के साथ निकले थे
राकेश शर्मा, जो कि हैदराबाद में सॉफ्टवेयर इंजीनियर के रूप में कार्यरत थे, अपनी माँ भावानी के साथ तमिलनाडु स्थित अरुणाचलम मंदिर के दर्शन के लिए 9 तारीख को गए थे। उनकी पत्नी श्वेता परीक्षा में व्यस्त थीं, इसीलिए वे माँ को साथ लेकर भगवान के दर्शन के लिए निकले थे।
रविवार सुबह जब राकेश ने मंदिर की परिक्रमा पूरी की, तो उन्होंने माँ से सीने में दर्द की शिकायत की। इलाज के लिए अस्पताल ले जाया जा रहा था, लेकिन रास्ते में ही उन्होंने दम तोड़ दिया।
परिवार में मातम, पीछे छोड़ गए दो मासूम बच्चे
राकेश अपने पीछे पत्नी श्वेता, चार साल की बेटी शान्वी और सात महीने के बेटे श्रीहान को छोड़ गए हैं। उनका पूरा परिवार इस घटना से स्तब्ध और शोकाकुल है। राकेश के पिता मधुकुमार शर्मा पापाकोल्लू स्थित उमा सोमलिंगेश्वर स्वामी मंदिर में पुजारी हैं।
सरल स्वाभाव के थे राकेश
राकेश शर्मा अपने मिलनसार स्वभाव और सहयोगी प्रवृत्ति के लिए जाने जाते थे। उनके अचानक चले जाने से न केवल परिवार बल्कि उनके दोस्त, सहकर्मी और जानने वाले सभी लोग गहरे शोक में हैं।
राकेश शर्मा की मौत एक बार फिर यह याद दिलाती है कि साइलेंट हार्ट अटैक या अचानक आने वाली दिल की समस्याएं आजकल युवाओं को भी अपना शिकार बना रही हैं। उनकी अंतिम यात्रा में उमड़ा सैलाब, यह दर्शाता है कि वे कितने प्रिय थे।
कंघी करते वक्त युवक की अचानक मौत, साइलेंट हार्ट अटैक की आशंका!


