मध्यप्रदेश में सरकारी कामकाज की निगरानी और आम लोगों की शिकायतों के त्वरित निराकरण को लेकर सरकार ने नई व्यवस्था शुरू की है। मुख्यमंत्री ने जन विश्वास अभियान के तहत एक पोर्टल लॉन्च किया है, जिसके जरिए जिलों में होने वाले कामकाज और शिकायतों के निराकरण की निगरानी की जाएगी। नई व्यवस्था के तहत अब सभी कलेक्टरों को हर सोमवार अपने जिले के कामकाज की रिपोर्ट देनी होगी। इसका उद्देश्य प्रशासन को अधिक जवाबदेह बनाना और जनता की समस्याओं का समय पर समाधान सुनिश्चित करना है। सरकार के अनुसार, अभियान के तहत पिछले एक महीने में 5.64 लाख शिकायतों का निराकरण किया गया है।
हर सोमवार कलेक्टर देंगे कामकाज की रिपोर्ट
नई व्यवस्था के तहत जिलों में प्रशासनिक गतिविधियों और जन शिकायतों के निराकरण की नियमित समीक्षा की जाएगी। कलेक्टरों को प्रत्येक सोमवार अपने जिले में हुए कामकाज की रिपोर्ट प्रस्तुत करनी होगी। इसमें सरकारी योजनाओं की प्रगति, जनता से जुड़ी समस्याओं और उनके समाधान की स्थिति जैसी जानकारियां शामिल हो सकती हैं। नियमित रिपोर्टिंग से जिला प्रशासन की कार्यप्रणाली पर नजर रखना आसान होगा। साथ ही जिन मामलों का लंबे समय से निराकरण नहीं हुआ है, उनकी पहचान कर उन पर तेजी से कार्रवाई की जा सकेगी।
जन विश्वास अभियान पोर्टल से होगी निगरानी
जन विश्वास अभियान पोर्टल को जनता की शिकायतों और प्रशासनिक कार्यों की निगरानी के लिए महत्वपूर्ण माध्यम माना जा रहा है। पोर्टल के जरिए शिकायतों की स्थिति और उनके निराकरण की प्रगति पर नजर रखी जा सकेगी। सरकार का लक्ष्य शिकायतों के समाधान की प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाना है। इससे अधिकारियों की जवाबदेही बढ़ाने के साथ आम लोगों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए बेहतर व्यवस्था मिलने की उम्मीद है। पोर्टल के माध्यम से अलग-अलग जिलों के प्रदर्शन की समीक्षा करना भी आसान होगा।
एक महीने में 5.64 लाख शिकायतों का निराकरण
सरकार के मुताबिक जन विश्वास अभियान के तहत एक महीने में 5.64 लाख शिकायतों का निराकरण किया गया है। इतनी बड़ी संख्या में शिकायतों का समाधान प्रशासन की सक्रियता को दर्शाता है। हालांकि, शिकायतों के निराकरण की गुणवत्ता और समयबद्धता पर लगातार निगरानी रखना भी जरूरी होगा। नई रिपोर्टिंग व्यवस्था के जरिए सरकार यह सुनिश्चित करने का प्रयास करेगी कि शिकायतें केवल दर्ज ही न हों, बल्कि उनका वास्तविक समाधान भी हो। मुख्यमंत्री ने प्रशासन को जनता के प्रति संवेदनशील और जवाबदेह रहने पर जोर दिया है। नई व्यवस्था लागू होने के बाद अब जिलों के कामकाज की नियमित समीक्षा होगी और बेहतर प्रदर्शन करने वाले जिलों की स्थिति भी सामने आएगी।


